उच्च रक्तचाप(हाई ब्लड प्रेशर)का सरल घरेलु आयुर्वेदिक उपचार |Home Remedies for High Blood Pressure

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उच्च रक्तचाप(हाई ब्लड प्रेशर)का सरल घरेलु आयुर्वेदिक उपचार |Home Remedies for High Blood Pressure

कारण :

खाने पीने की गलत आदतें, मानसिक तनाव और ठीक से ना सोना इस रोग के मुख्य कारण है। इस समस्या का इलाज हम घर में इस्तेमाल होने वाली कुछ चीजों से आसानी से कर सकते है। इस लेख में हम high bp के उपचार के आयुर्वेदिक और घरेलू नुस्खे बता रहे है जिसके इस्तेमाल से आप बिना किसी medicine के ब्लड प्रेशर control कर सकेंगे। आइये जाने home remedies for high blood pressure treatment in hindi.

आयुर्वेदिक उपाय (Ayurvedic Treatment):

पहला प्रयोगः निम्न रक्तचाप (Low Blood Pressure) तथा उच्च रक्तचाप (High B.P.) वास्तव में कोई रोग नहीं है अपितु शरीर में अन्य किसी रोग के लक्षण हैं। निम्न रक्तचाप में केवल ‘ॐ…‘ का उच्चारण करने से तथा 2 से 5 ग्राम पीपरामूल का सेवन करने से एवं नींबू के नमक डाले हुए शर्बत को पीने से लाभ होता है।

उच्च रक्तचाप में ‘ॐ शांति‘ मंत्र का जप कुछ भी खाने-पीने से पहले एवं बाद में करने से तथा बारहमासी के 11 फूल के सेवन से लाभ होता है।

दूसरा प्रयोगः रतवेलिया (जलपीपली) का 5 ग्राम रस दिन में एक बार पीने से उच्च रक्तचाप नियंत्रित होता है। यह रतवा में भी लाभदायक है।

तीसरा प्रयोगः लहसुन की कलियों को चार-पाँच दिन में धूप में सुखाकर काँच की बरनी में भरकर ऊपर से शहद डालकर रख दें। पंद्रह दिन के बाद लहसुन की एक-दो कली को एक चम्मच शहद के साथ चबाकर एक गिलास ठंडा दूध पीने से (जो कि फ्रीज में रखकर ठंडा न किया हो) रक्तचाप (ब्लडप्रेशर) सामान्य रहता है।

चौथा प्रयोगः 1 ग्राम सर्पगंधा बूटी को 2 ग्राम बालछड़ बूटी में मिलाकर दें। चन्द्रकला रस की 2-2 गोली सुबह-शाम दे। 2 चम्मच त्रिफला चूर्ण रात्रि को सोते समय दें। अगर वातप्रधान प्रकृति है तो प्रातः तिल का 20 मि.ली. तेल गर्म पानी के साथ दें। इससे उच्च रक्तचाप (H.B.P.) में लाभ होता है।

पांचवा प्रयोग : High blood pressure ka upchar करने में गोमूत्र एक चमत्कारी दवा है। सुबह खली पेट आधा कप देसी गाय का मूत्र पिये ब्लड प्रेशर कम हो या जादा, इस उपाय से ठीक हो जायेगा। रोजाना गोमूत्र पिने से गठिया, दमा और डायबिटीज में भी आराम मिलता है।

छठा प्रयोग : गिलोय, आँवला, सरपगंधा, आश्कंद और अर्जुन-वृष की छाल को बराबर मात्रा में पीस कर चूरन बना ले और पानी के साथ सुबह शाम ले।

सातवाँ प्रयोग : सरपगंधा का चूरन दिन में 2 बार दो – दो ग्राम लेने से हाई ब्लड प्रेशर सामान्य हो जाता है।
आठवां प्रयोग : एक – एक ग्राम सूखा धनिया और सरपगंधा दो ग्राम मिश्री में पीस कर पानी के साथ खाने से high bp normal हो जाता है.

 

विशेष :अच्युताय हरिओम शोधन कल्प चूर्ण ” हाई ब्लड प्रेशर में लाभदायक है।
चेतावनीः लम्बे समय हररोज बी.पी.के लिए अंग्रेजी दवाइ(Allopathic medicine)लेते रहने से लीवर और किडनी खराब होने की संभावना रहती है। इस लिए अंग्रेजी दवाइयों से यथा संभव परेज करें |

अन्य उपचार :

१* हाई ब्लड प्रेशर में तरबूज और लिची खाना फयदेमंद है।

२* 1 चम्मच प्याज के रास में 1 चम्मच शुद्ध देसी शहद मिला कर लेने से उच्च रक्तचाप की बीमारी में आराम मिलता है।

३* शहतूत का शरबत 25 ग्राम मात्रा में सुबह शाम पीने से heart की कमज़ोरी दूर होती है।

४* गाजर का मुरबा खाना भी फयदेमंद है।

५* दालचीनी पाउडर का आधा चम्मच रोजाना सुबह गरम पानी के साथ ले। ये दवा ब्लड प्रेशर को control करने का अच्छा घरेलू उपाय है।

६* रात को सोने से पहले एक गिलास गरम पानी में आधा चम्मच मेथी दाना भिगो कर रखे, सुबह उठ कर पानी पिये और मेथी के दाने चबा कर खाये। इस नुस्खे से उच्च रक्तचाप जल्दी कम होगा।

७* लौकी का रस सुबह खाली पेट पिये और इसके बाद एक घंटे तक कुछ खाये पिये नहीं। लौकी का रस उच्च रक्तचाप कम करने के साथ दिल को भी health रखेगा और sugar cholesterol जैसी बीमारियो से भी दूर रखेगा।