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गले में दर्द का घरेलू उपचार – Gale me Dard ka Gharelu Upchar

📅 29 अक्टूबर 2022 ✍️ admin ⏱️ 3 मिनट
गले में दर्द का घरेलू उपचार – Gale me Dard ka Gharelu Upchar

Last Updated on अक्टूबर 29, 2022 by admin

विभिन्न कारणों से गले में दर्द होता है जैसे- किसी चीज से गले पर चोट लगती है, गला छील जाता है, अधिक गर्म पदार्थ खाने या पीने के कारण गला जल जाने पर गले में दर्द होता है। इसके अलावा गले में सूजन आ जाने या कफ बनने के कारण भी दर्द होता है।

गले में दर्द का इलाज : Gale me Dard ka Ilaj

1. रीठा : रीठे के छिलके को पीसकर लगभग 1 ग्राम का चौथाई भाग की मात्रा में शहद को मिलाकर सुबह-शाम रोगी को चटाना चाहिए।

2. शहतूत : शहतूत का शर्बत पीने से गले की खुश्की और दर्द ठीक हो जाता है।

3. मूली : मूली का रस और पानी को बराबर मात्रा में लेकर उसमें नमक मिलाकर गरारे करने से गले के घाव ठीक हो जाते हैं।

4. साबुत धनिया : हर 3-3 घंटे के अंदर 2 चम्मच सूखा साबुत धनिया को चबा-चबाकर चूसते रहने से हर प्रकार के गले का दर्द दूर होते हैं।

5. फिटकरी : भुनी हुई फिटकरी को ग्लिसरीन में मिलाकर गले में डालकर कुल्ला करने से गले के दर्द में आराम मिलता है।

6. अजीब : अजीब के रस को रूई के फाये में लगाकर 2 से 3 बूंद गले में सुबह-शाम लगाने से गले के रोगों में लाभ मिलता है।

7. इमली : इमली के पानी से कुल्ला करने से गले का दर्द दूर हो जाता है।

8. पालक :

  • पालक के पत्तों को उबालकर पानी छानकर, पत्तों को निचोड़ लें। इसके गर्म-गर्म पानी से गरारे करने से गले का दर्द ठीक हो जाता है।
  • 250 मिलीलीटर पालक के पत्ते लेकर 2 गिलास पानी में डालकर उबाल लें और जब उबलने के बाद पानी आधा बाकी रह जाये तो उसे छान लें। इसके गर्म-गर्म पानी से गरारे करने से गले का दर्द ठीक हो जाता है।

9. नींबू :

  • एक गिलास पानी में एक नींबू को निचोड़कर उससे कुल्ला और गरारे करने से आराम आता है या गर्म पानी में नींबू निचोड़कर पीने से भी आराम आता है।
  • एक छोटे चम्मच नींबू के रस में एक बड़ा चम्मच शहद मिलाकर दिन में 2 से 3 बार थोड़ा-थोड़ा खाने से गले का दर्द ठीक हो जाता है।

10. बच : बच के लगभग आधा ग्राम चूर्ण को थोड़े गर्म दूध में डालकर दिन में तीन बार पिलाने से गले में जमा हुआ कफ ढीला पड़कर निकल जाता है और गले का दर्द खत्म हो जाता है।

11. निर्गुण्डी :

  • निर्गुण्डी के पत्तों का काढ़ा बनाकर कुल्ला करने से लाभ होता है।
  • निर्गुण्डी के तेल को मुंह, जीभ तथा होठों में लगाने से तथा हल्के गर्म पानी में तेल में मिलाकर मुंह में थोड़ी-सी देर रखने से लाभ पहुंचता है।

12. नीम : 2 चम्मच नीम की पत्तियों के रस को एक गिलास गर्म पानी में, आधा चम्मच शहद को मिलाकर रोजाना गरारे करने से गले में जमा हुआ कफ दूर होता है।

13. नमक : पानी में नमक को मिलाकर गरारे करने से टॉन्सिल, गले में दर्द, सूजन, दांत के दर्द आदि रोगों में आराम मिलता है।

(अस्वीकरण : दवा, उपाय व नुस्खों को वैद्यकीय सलाहनुसार उपयोग करें)

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