ज्ञान रेह (कश्मीरी) – Gyan Reh Kashmiri
बटन दबाते ही डाउनलोड अपने आप शुरू हो जाएगा — बस इंतज़ार कीजिए।
⬇ मुफ़्त PDF डाउनलोड करें📖 डाउनलोड नहीं हो रहा? निर्देश और मदद यहाँइस किताब के बारे में
ज्ञान रेह कश्मीरी भाषा में लिखी गई पुस्तक है, जिसका दूसरा नाम कौपुड़ है। आवरण-पृष्ठ पर लाल अक्षरों में ज्ञान रेह और नीचे उद्धरण-चिह्नों में कौपुड़ लिखा है, और पृष्ठभूमि में कमल पर रखा दीपक बना है। अगले पृष्ठ पर जय माता शारदा भगवती शीर्षक वाला देवी का चित्र है। तीसरे पृष्ठ में शीर्षक ज्ञान रेह अंडाकार ढाँचे में अंकित है और उसके नीचे रचयिता : महात्मा श्री मोहन लाल दास कौपुड़, लेखक कश्मीर लिखा है। पुस्तक लगभग दो सौ बारह पृष्ठ की है।
चौथे पृष्ठ पर प्रकाशन-विवरण दिया गया है। उसमें © लेखक द्वारा सर्वाधिकार सुरक्षित, गद्यान्तरण शब्दान्तर : 2005 और कोचर शिपा अम्बाता : श्री पी.एल. बोहर साहिब जैसी पंक्तियाँ हैं। प्रकाशक कोफु कश्मीरियन कुफू कोष्ठ परिवार, श्री राम मंदिर, श्रीनगर बताया गया है और नई दिल्ली तथा श्रीनगर रोड, गोलमक जिलू के पते दिए गए हैं। इसके बाद श्रद्धांजलि के पृष्ठों में माता उद्याल, श्री बालाजी दास जी तथा महात्मा श्री मोहन लाल दास कौपुड़ के चित्र और उनके कथन दिए गए हैं। अंत में श्लोक-सूची के बाद कौपुड़ सीखिये वृत्त पूरी शीर्षक वाला मुख्य पाठ शुरू होता है।
यह पुस्तक कश्मीरी साहित्य और भजन-परंपरा को जानने के लिए बहुत उपयोगी है। रचयिता महात्मा श्री मोहन लाल दास कौपुड़ कश्मीर के प्रसिद्ध साधक माने जाते हैं, और उनकी रचना में भजन, सूफी-कवि परंपरा और ज्ञान की बातें साथ मिलती हैं। कौपुड़ शब्द ही इस पुस्तक का मुख्य आकर्षण है। दो सौ से अधिक पृष्ठ होने के कारण सामग्री विस्तृत है। कश्मीरी पृष्ठभूमि से जुड़े पाठक इसमें सबसे अधिक लाभ पाते हैं, क्योंकि भाव और लय दोनों ही पाठ में सहज होकर आते हैं। यह साहित्य-अध्ययन की पुस्तक है।
यह पुस्तक किसके लिए उपयोगी है — विद्यार्थियों, जिज्ञासुओं, साधकों तथा सामान्य पाठकों — सभी के लिए। चाहे इसे अध्ययन के लिए पढ़ें या जानकारी एवं आत्म-विकास हेतु, यह पुस्तक उपयोगी सिद्ध होगी। विषय की गहराई में जाने से पहले इससे मूल आधार मजबूत होता है।
कैसे पढ़ें — फ़ाइल पूरी PDF में है, जिसे मोबाइल, कंप्यूटर या किसी भी PDF ऐप में बिना इंटरनेट के पढ़ा जा सकता है। नीचे दिए बटन से इसे तुरंत और मुफ़्त डाउनलोड करें — कोई साइन-अप, सदस्यता या शुल्क नहीं।
- इस विषय की उपयोगी तथा ज्ञानवर्धक सामग्री
- सरल हिंदी भाषा में लिखा गया पाठ
- साधक तथा सामान्य पाठक — दोनों के लिए उपयोगी
- मोबाइल व कंप्यूटर पर पढ़ने योग्य PDF
पुस्तक की मुख्य बातें
डाउनलोड कैसे करें — बस 3 कदम
डाउनलोड के बाद फ़ाइल “Downloads” फ़ोल्डर में मिलेगी — वहीं से कभी भी दोबारा पढ़ सकते हैं। कोई दिक्कत हो? हमें बताएँ
🙏 यह पुस्तक साझा करें
इस पुस्तक का लिंक मित्रों को भेजिए — इसी तरह ज्ञान सब तक पहुँचेगा।
इसी श्रेणी की और किताबें
उपनयन विधि – Upanayan Vidhi
सूर्यसहस्रनामावली – Surya Sahasra Namavali
श्री महिम्न स्तोत्रम् (कश्मीरी) – Shri Mahimna Stotram
अमृत वाणी (भाग 1) – Amrit Vani
यजुर्वेद संहिता (आर्य समाज परोपकारिणी सभा) – Yajurveda Samhita
श्री महानारायण सहस्रनामावली स्तुति – Shri Maha Narayan Sahasra Namavali
गणेश दुर्गा स्तोत्रावली (1935, श्रीनगर) – Ganesh Durga Stotravali
अक्षर कथा (गुणकर मूले) – Akshar Katha