निघंटु भाषा | Nighntu Bhasha
बटन दबाते ही डाउनलोड अपने आप शुरू हो जाएगा — बस इंतज़ार कीजिए।
⬇ मुफ़्त PDF डाउनलोड करें📖 डाउनलोड नहीं हो रहा? निर्देश और मदद यहाँइस किताब के बारे में
निघंटु आयुर्वेद का प्राचीन एवं अत्यंत महत्वपूर्ण संस्कृत संदर्भ-ग्रंथ है, जिसे वांगसेन वैद्य ने रचा है। “निघंटु” शब्द का अर्थ ही नाम-संग्रह अर्थात द्रव्यों और पदों के संकलन को दर्शाता है। आयुर्वेद में एक प्रसिद्ध व्युत्पत्ति के अनुसार “निघंटुना विना वैद्यो विद्वान् व्याकरणं विना” अर्थात निघंटु के बिना वैद्य विद्वान और व्याकरण के बिना विद्वान के समान माना गया है।
ग्रंथ में रोगों का वर्गीकरण, उनके लक्षण, कारण तथा आयुर्वेदिक उपचार-विधि का विस्तृत वर्णन मिलता है। प्रस्तुत पुस्तक देवनागरी में उपलब्ध संस्कृत श्लोकों के साथ हिन्दी व्याख्या के रूप में तैयार है, और इसमें ग्रह एवं नक्षत्र संबंधी अध्याय भी मिलते हैं, जिनमें ग्रहों के प्रभाव का रोग-चिकित्सा से संबंध दर्शाया गया है। पुस्तक में भूमिका के साथ विषय-सूचि भी उपलब्ध है।
यह ग्रंथ आयुर्वेद के विद्यार्थियों, वैद्य-रत्नों तथा द्रव्य-गुण-कर्म ज्ञान में रुचि रखने वाले पाठकों के लिए अत्यंत उपयोगी है। राष्ट्रीय आयुर्वेद संस्थानों में भी निघंटु को आयुर्वेद-पाठ्यसामग्री के रूप में उपलब्ध कराया जाता है, जो इसकी मानकीय महत्ता दर्शाता है। (किसी भी रोग का उपचार योग्य वैद्य की देखरेख में ही करना चाहिए।)
यह पुस्तक किसके लिए उपयोगी है — विद्यार्थियों, जिज्ञासुओं, साधकों तथा सामान्य पाठकों — सभी के लिए। चाहे इसे अध्ययन के लिए पढ़ें या जानकारी एवं आत्म-विकास हेतु, यह पुस्तक उपयोगी सिद्ध होगी। विषय की गहराई में जाने से पहले इससे मूल आधार मजबूत होता है।
कैसे पढ़ें — फ़ाइल पूरी PDF में है, जिसे मोबाइल, कंप्यूटर या किसी भी PDF ऐप में बिना इंटरनेट के पढ़ा जा सकता है। नीचे दिए बटन से इसे तुरंत और मुफ़्त डाउनलोड करें — कोई साइन-अप, सदस्यता या शुल्क नहीं।
- आयुर्वेदिक औषधियों तथा द्रव्यों की शब्दावली
- उनके नाम, गुण-धर्म तथा प्रयोग
- रोगों के पर्यायवाची तथा वनस्पति-ज्ञान
- श्लोक सरल अर्थ सहित
पुस्तक की मुख्य बातें
डाउनलोड कैसे करें — बस 3 कदम
डाउनलोड के बाद फ़ाइल “Downloads” फ़ोल्डर में मिलेगी — वहीं से कभी भी दोबारा पढ़ सकते हैं। कोई दिक्कत हो? हमें बताएँ
🙏 यह पुस्तक साझा करें
इस पुस्तक का लिंक मित्रों को भेजिए — इसी तरह ज्ञान सब तक पहुँचेगा।
इसी श्रेणी की और किताबें
वेदों में आयुर्वेद (डॉ. के. डी. द्विवेदी) – Vedon Men Ayurveda
अष्टांग हृदय संहिता (उत्तरतंत्र-तत्त्वबोध) – Ashtanga Hridaya Samhita
स्वास्थ्य के लिए विकल्प व संघर्ष – Swasthya Ke Liye Vikalp Va Sangharshan
जन स्वास्थ्य रक्षक – Jan Swasthya Rakshak
औरतों का शरीर और स्वास्थ्य – Auraton Ka Shareer Aur Swasthya
रस तंत्र सार – Ras Tantra Sar
शारंगधर संहिता – Sarangdhar Sanhita
आयुर्वेदिक घरेलू उपचार – Complete Book of Ayurvedic Home Remedies