Shri Shri Chaitanya Charitavli -Complete -Gita Press Gorakhpur
बटन दबाते ही डाउनलोड अपने आप शुरू हो जाएगा — बस इंतज़ार कीजिए।
⬇ मुफ़्त PDF डाउनलोड करें📖 डाउनलोड नहीं हो रहा? निर्देश और मदद यहाँइस किताब के बारे में
यह पुस्तक श्रीश्रीचैतन्यचरितामृति खण्ड नाम से प्रकाशित हुई है और यह प्रथम खण्ड है। शीर्षक-पृष्ठ पर सप्तशीला पंक्ति में श्रीविष्णुमहाराज का आवाहन लगा हुआ है और नीचे लेखक के रूप में प्रभुर महाचारी अंकित हैं। पैमाना लगभग 1731 पृष्ठ का है।
प्रकाशन-पृष्ठ पर संस्करण-विवरण दिया गया है, जिसमें प्रथम संस्करण 1968 में 5850 प्रतियाँ, दूसरा संस्करण 1975 में 29000 प्रतियाँ और तीसरा संस्करण 2005 में 20000 प्रतियाँ, कुल 88850 प्रतियाँ बताया गया है। वहीं मुद्रक का उल्लेख है और पते में गीताप्रेस, गोरखपुर अंकित है, जो इस संस्करण में गीताप्रेस का imprint होने की पुष्टि करता है।
विषय-सूची में विवरण, सामग्री, प्रस्तावना, सूर्य-गोस्वामी, मोहन-ललिता, स्थ-गोस्वामी, दुर्विग्य, मदन-नदनदास, व्यापदेव, चलेन काली भारत, चैतन्य काली यंत्रादि, व्रज-परिव्राज, पाण्डव, निर्णय, उमग्रह, शोणकधार, यमुना, रावण, बलभद्र, पाण्डवी, साम्य, सिद्धान्त-पर्वत, विश्वरूपदामोदर तथा विश्वरूप-पाल जैसे खण्ड आते हैं। यह पुस्तक चैतन्य-परम्परा के पाठकों के लिये उपयोगी है।
यह पुस्तक किसके लिए उपयोगी है — विद्यार्थियों, जिज्ञासुओं, साधकों तथा सामान्य पाठकों — सभी के लिए। चाहे इसे अध्ययन के लिए पढ़ें या जानकारी एवं आत्म-विकास हेतु, यह पुस्तक उपयोगी सिद्ध होगी। विषय की गहराई में जाने से पहले इससे मूल आधार मजबूत होता है।
कैसे पढ़ें — फ़ाइल पूरी PDF में है, जिसे मोबाइल, कंप्यूटर या किसी भी PDF ऐप में बिना इंटरनेट के पढ़ा जा सकता है। नीचे दिए बटन से इसे तुरंत और मुफ़्त डाउनलोड करें — कोई साइन-अप, सदस्यता या शुल्क नहीं।
- श्री चैतन्य महाप्रभु का जीवन
- भक्ति तथा संकीर्तन
- कथाएँ तथा प्रसंग
- प्रेरक वर्णन
पुस्तक की मुख्य बातें
डाउनलोड कैसे करें — बस 3 कदम
डाउनलोड के बाद फ़ाइल “Downloads” फ़ोल्डर में मिलेगी — वहीं से कभी भी दोबारा पढ़ सकते हैं। कोई दिक्कत हो? हमें बताएँ
🙏 यह पुस्तक साझा करें
इस पुस्तक का लिंक मित्रों को भेजिए — इसी तरह ज्ञान सब तक पहुँचेगा।
इसी श्रेणी की और किताबें
संत तुकाराम – Saint Tukaram
झाँसी की रानी लक्ष्मीबाई – Jhansi Ki Rani Laxmibai
जीवन यात्रा तथा सिद्धांत – गुरु नानक देव जी – Jeevan Yatra Tatha Sidhanta
प्रोफेसर पूर्ण सिंह – Professor Puran Singh
गांधी साहित्य – आत्मकथा – Gandhi Atmakatha
सी० वी० रमन | C. V. RAMAN
मेरा आजीवन कारावास | Mera Aajeevan Karavas – Vinayak Damodar Savarkar
गोमांतक | Gomantak – Vinayak Damodar Savarkar