Shyamakali Mahavidya Hindi PDF Free Download
📖 मुफ़्त PDF

श्यामाकाली महाविद्या – Shyamakali Mahavidya

श्रेणी: PDF Booksश्रेणी: Mantra Vigyanसाइज़: 103.3 mbडाउनलोड: 3,135व्यू: 7,906

बटन दबाते ही डाउनलोड अपने आप शुरू हो जाएगा — बस इंतज़ार कीजिए।

⬇ मुफ़्त PDF डाउनलोड करें📖 डाउनलोड नहीं हो रहा? निर्देश और मदद यहाँ
✔ कोई लॉगिन नहीं✔ 100% मुफ़्त✔ सीधे डाउनलोड

इस किताब के बारे में

शीर्षक-पृष्ठ पर ग्रन्थ का नाम श्यामाकाली महाविद्या अंकित है और बताया गया है कि यह श्रीदा की रचना है। संपादन तथा व्याख्या का काम गोस्वामी प्रह्लाद गिरि, वेदान्ताचार्य ने किया है और उनकी उपाधियाँ सर्वशिक्षाचार्य, साहित्याचार्य, एम० ए० और एल० एल० बी० दर्ज हैं। मूल पाठ के साथ शब्दार्थदीप नामक संस्कृत व्याख्या तथा ज्ञान और स्वयंभू नामक हिन्दी व्याख्या दी गई है। प्रकाशन चौखम्भा कृष्णदास अकादमी, वाराणसी से हुआ है और मुद्रक चौखम्भा प्रेस, वाराणसी। यह प्रथम संस्करण है जिसकी तिथि चौह अप्रैल दो हजार नौ दर्ज है और बिथलदास संस्कृत सीरीज के बीसवें अंक के रूप में प्रकाशित हुआ है।

यह पुस्तक प्रथम खण्ड में बाँटा गया है और उस खण्ड में ज्ञानखण्ड तथा सपर्या खण्ड दोनों दिए गए हैं। ज्ञानखण्ड में मूल ग्रन्थ का पाठ और उसकी व्याख्या रखी गई है, जबकि सपर्या खण्ड में देवी की उपासना की विधि का वर्णन मिलता है। पादलेख में ग्रन्थ के विषय-संबंधी शब्दों की सूची दी गई है। पृष्ठ पर अन्तरराष्ट्रीय पुस्तक-क्रमांक भी छपा है और प्रकाशन का पता दुर्गाघाट, वाराणसी बताया गया है। वितरण चौखम्भा संस्कृत सीरीज कार्यालय, गोपाल मंदिर लेन, चौक से कराया जाता है।

श्यामाकाली महाविद्या शाक्त परंपरा के उन ग्रन्थों में गिनी जाती है जिनमें देवी की साधना का विस्तार से वर्णन मिलता है और इसलिए शैव तथा शाक्त दर्शन के अध्ययन के लिए यह पाठ उपयोगी माना जाता है। मूल पाठ के साथ दो भाषाओं की व्याख्या देना इस प्रकाशन की विशेषता है, जिससे पाठक को शब्दों का अर्थ स्पष्ट होने में मदद मिलती है। यह ध्यान रखने योग्य है कि यहाँ वर्णित मंत्र, यन्त्र और साधन-विधियाँ आधुनिक विज्ञान से प्रमाणित नहीं हैं और इनका कोई चिकित्सकीय दावा नहीं है। किसी भी साधना या उपाय से पहले योग्य विद्वान से परामर्श लें और शारीरिक रोग की स्थिति में चिकित्सक की सलाह को प्राथमिकता दें।

यह पुस्तक किसके लिए उपयोगी है — विद्यार्थियों, जिज्ञासुओं, साधकों तथा सामान्य पाठकों — सभी के लिए। चाहे इसे अध्ययन के लिए पढ़ें या जानकारी एवं आत्म-विकास हेतु, यह पुस्तक उपयोगी सिद्ध होगी। विषय की गहराई में जाने से पहले इससे मूल आधार मजबूत होता है।

कैसे पढ़ें — फ़ाइल पूरी PDF में है, जिसे मोबाइल, कंप्यूटर या किसी भी PDF ऐप में बिना इंटरनेट के पढ़ा जा सकता है। नीचे दिए बटन से इसे तुरंत और मुफ़्त डाउनलोड करें — कोई साइन-अप, सदस्यता या शुल्क नहीं।

📖 पुस्तक के अंदर क्या है —
  • श्यामा/काली महाविद्या की साधना
  • मंत्र तथा विधि
  • पूजा तथा नियम
  • फल तथा सावधानियाँ

पुस्तक की मुख्य बातें

📕पूरी पुस्तक, एक ही PDF मेंपूरा ग्रंथ, बिना टूटे
🕉️सरल हिंदी भाषाआसान शब्दों में सामग्री
📚PDF Books विषय की पुस्तकसंबंधित जानकारी एक जगह
📱मोबाइल व कंप्यूटर पर पढ़ेंकिसी भी PDF ऐप में

डाउनलोड कैसे करें — बस 3 कदम

1डाउनलोड बटन दबाएँऊपर दिए बटन पर क्लिक करें।
2फ़ाइल सेव करेंPDF आपके फ़ोन/कंप्यूटर में सेव हो जाएगी।
3पढ़ना शुरू करेंकिसी भी PDF ऐप में खोलिए — इंटरनेट की ज़रूरत नहीं।

डाउनलोड के बाद फ़ाइल “Downloads” फ़ोल्डर में मिलेगी — वहीं से कभी भी दोबारा पढ़ सकते हैं। कोई दिक्कत हो? हमें बताएँ

🙏 यह पुस्तक साझा करें

इस पुस्तक का लिंक मित्रों को भेजिए — इसी तरह ज्ञान सब तक पहुँचेगा।

🙏 यह पुस्तक जनकल्याण के उद्देश्य से उपलब्ध कराई गई है। पसंद आए तो ऊपर दिए बटन से दूसरों के साथ भी साझा कीजिए — इसी तरह और किताबें सब तक पहुँचेंगी।
Share to...