Guru Poornima Sandesh
बटन दबाते ही डाउनलोड अपने आप शुरू हो जाएगा — बस इंतज़ार कीजिए।
⬇ मुफ़्त PDF डाउनलोड करें📖 डाउनलोड नहीं हो रहा? निर्देश और मदद यहाँइस किताब के बारे में
यह पुस्तक गुरु पूर्णिमा संदेश नाम से प्रकाशित हुई है, जो आत्म-स्वरूप का ज्ञान पाने के बारे में एक छोटी पुस्तिका है। पैमाना लगभग 9 पृष्ठ का है।
पृष्ठ पर बताया गया है कि भगवान वेदव्यास ने वेदों का संकलन किया, १८ पुराणों और उपपुराणों की रचना की, और पंचम वेद महाभारत की रचना पूर्णिमा के दिन पूर्ण हुई, जब विष्णु के सुखसिंधु आश्रम में उसका लेखन आरम्भ हुआ, तब से ही वर्ष भर के पर्व में पहला पूर्णिमा मनाया जाता है। यह भी कहा गया है कि जो शिष्य सद्गुरु के चरणों में पहुँचकर संयम-त्याग-भक्ति से उनका पूजन करता है, उसे वर्ष भर के पर्व में मनाने का फल मिलता है।
पृष्ठ पर साधक के लिये बताया गया है कि गुरु पूर्णिमा व्रत और तपस्या का दिन है, जिस दिन उपवास करके या दूध, फल अथवा अल्पाहार लेकर गुरुदर्शन, गुरुसेवा और गुरु-सत्संग का सेवन करना चाहिए, और गुरु के अपने कहे अनुसार तू मुझे अपना घर-आँगन दे दे वाली भावना के साथ अपनी मान्यता और अहंकार को हृदय से निकालकर गुरु के चरणों में अर्पण कर देना चाहिए। यह पुस्तक साधक-पाठकों के लिये उपयोगी है।
यह पुस्तक किसके लिए उपयोगी है — विद्यार्थियों, जिज्ञासुओं, साधकों तथा सामान्य पाठकों — सभी के लिए। चाहे इसे अध्ययन के लिए पढ़ें या जानकारी एवं आत्म-विकास हेतु, यह पुस्तक उपयोगी सिद्ध होगी। विषय की गहराई में जाने से पहले इससे मूल आधार मजबूत होता है।
कैसे पढ़ें — फ़ाइल पूरी PDF में है, जिसे मोबाइल, कंप्यूटर या किसी भी PDF ऐप में बिना इंटरनेट के पढ़ा जा सकता है। नीचे दिए बटन से इसे तुरंत और मुफ़्त डाउनलोड करें — कोई साइन-अप, सदस्यता या शुल्क नहीं।
- गुरु पूर्णिमा का महत्व
- गुरु-महिमा तथा शिष्य-कर्तव्य
- संदेश तथा उपदेश
- प्रेरक प्रसंग
पुस्तक की मुख्य बातें
डाउनलोड कैसे करें — बस 3 कदम
डाउनलोड के बाद फ़ाइल “Downloads” फ़ोल्डर में मिलेगी — वहीं से कभी भी दोबारा पढ़ सकते हैं। कोई दिक्कत हो? हमें बताएँ
🙏 यह पुस्तक साझा करें
इस पुस्तक का लिंक मित्रों को भेजिए — इसी तरह ज्ञान सब तक पहुँचेगा।
इसी श्रेणी की और किताबें
Yog Yatra 3
Prabhu Param Prakash Ki Aur Le Chal
Sahaj Sadhna
Shri Yogavasishtha Maharamayan- 4 -Hindi
Shri Yogavasishtha Maharamayan- 3 -Hindi
Shri Yogavasishtha Maharamayan -2- Hindi
Shri Yogavasishtha Maharamayan -1- Hindi
आरोग्यनिधि – Arogyanidhi